शिवपुरी में 'दबंगई' के आगे बेबस प्रशासन: पत्रकार को धमकी देने वाले पूर्व मंडी अध्यक्ष पर मेहरबानी क्यों•••?
यह वही मंडी अध्यक्ष इरशाद राइन है जिस पर कृषि उपज मंडी में भूखण्ड उपलब्ध कराने के एवज़ में 50-50 हजार रुपये लेने का आरोप लगा था।
यह वही मंडी अध्यक्ष है जिसने अपने साथी व्यापारी तरुण भुगड़ा की दुकान हड़प ली वह 5 साल से न्याय के लिए भटक रहा है••?
शिवपुरी। जिले में पूर्व मंडी अध्यक्ष इरशाद राइन की दबंगई और भ्रष्टाचार के मामले लगातार सामने आ रहे हैं, लेकिन प्रशासन की चुप्पी ने व्यवस्था पर गंभीर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। ताजा मामले में, राइन ने एक फेसबुक पोस्ट को लेकर पत्रकार अरशद अली को खुलेआम जान से मारने की धमकी दी है। यह वही पूर्व मंडी अध्यक्ष इरशाद राइन है जिस पर व्यापारियों को क़ृषि उपज मंडी शिवपुरी में भूखण्ड आवंटन उपलब्ध कराने को लेकर व्यापारियों से पचास पचास हजार रूपये लेने का आरोप लगा था, यह वही पूर्व मंडी अध्यक्ष है जिसने अपने साथी व्यापारी तरुण भुगड़ा से सब्जी मंडी की दुकान छीन ली जिसे करीब 5 साल बाद भी शिवपुरी पुलिस वापस नहीं दिलवा पाई। इस विवाद की जाँच करने के लिए सब्ज़ी मंडी मैं पूर्व SDM उमेश कोरव भी पहुंचे हुए थे लेकिन रसूख के चलते दुकान वापस नहीं दिलवा सके। व्यापारी तरुण भुगड़ा को आज दिनांक तक न्याय नहीं मिला है जिसने आज तक मंडी को मिलने वाले शुल्क (Mandi Tax) और अन्य आय के खर्चों का लेखा-जोखा मंडी के सचिव को नहीं दिया और वर्तमान में भी अपने आप को मंडी अध्यक्ष समझता है। ऐसे दबंग भ्रष्टाचारी का लाइसेंस रद्द कर ब्लैक लिस्ट कर देना चाहिए। आखिर ऐसी क्या मजबूरी है कि करोड़ों के मंडी टैक्स का हिसाब डकारने वाले और सरेआम पत्रकार को धमकाने वाले शख्स पर पुलिस कार्रवाई करने से कतरा रही है•••? क्या शिवपुरी का प्रशासन दबाव में काम कर रहा है जनता और पत्रकारों ने मांग की है कि ऐसे भ्रष्ट नेता का लाइसेंस निरस्त कर उसे तत्काल ब्लैकलिस्ट किया जाए, अन्यथा प्रशासन की साख पूरी तरह खत्म हो जाएगी।


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